Animal Care: बार‍िश में अगर ये तीन काम नहीं क‍िए तो पशुओं पर बढ़ेगा खतरा, दूध बढ़ा देगा बड़ी टेंशन! –

Animal Care: बार‍िश में अगर ये तीन काम नहीं क‍िए तो पशुओं पर बढ़ेगा खतरा, दूध बढ़ा देगा बड़ी टेंशन

बारिश का मौसम पशुपालकों के लिए कई चुनौतियां लेकर आता है। इस दौरान गाय-भैंस के स्वास्थ्य और दूध की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है। अगर पशुओं की सही देखभाल न की जाए, तो न केवल उनके बीमार होने का खतरा बढ़ जाता है, बल्कि दूध उत्पादन भी प्रभावित हो सकता है। इसलिए, पशुपालकों को बारिश के मौसम में कुछ खास बातों का ध्यान रखना चाहिए।

1. पशुओं को नियमित नहलाना जरूरी

बारिश के मौसम में नमी और गंदगी की वजह से पशुओं में त्वचा संबंधी बीमारियां और संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ जाता है। इससे बचने के लिए पशुओं को रोजाना साफ पानी से नहलाना चाहिए। खासकर गाय-भैंस के थन और पैरों की सफाई का विशेष ध्यान रखें। अगर पशु गंदगी में रहेंगे, तो उनके थनों में बैक्टीरिया पनप सकते हैं, जिससे दूध की गुणवत्ता प्रभावित होगी।

2. खुरों की देखभाल न भूलें

बारिश के दिनों में जमीन गीली और कीचड़ भरी होती है, जिससे पशुओं के खुर खराब हो सकते हैं। अगर खुरों की सफाई और कटाई नियमित रूप से नहीं की जाए, तो पशुओं को खुरपका-मुंहपका जैसी बीमारियां हो सकती हैं। इससे बचने के लिए हर 15-20 दिन में पशुओं के खुर कटवाएं और उन्हें साफ रखें। कीचड़ वाली जगह पर पशुओं को लंबे समय तक खड़ा न रहने दें।

3. पशुशाला की सफाई का रखें ध्यान

बारिश में पशुशाला में नमी बढ़ जाती है, जिससे बैक्टीरिया और फंगस पनपने लगते हैं। अगर पशु गंदे और गीले बिस्तर पर सोएंगे, तो उन्हें संक्रमण हो सकता है। इसलिए, पशु के बैठने और सोने की जगह को रोजाना साफ करें। अगर पशुशाला में रबर की मैट बिछी है, तो उसे भी नियमित रूप से धोते रहें। साथ ही, पशुशाला में हवा और रोशनी का उचित प्रबंध होना चाहिए, ताकि नमी न बढ़े।

Conclusion

बारिश के मौसम में पशुओं की देखभाल करना थोड़ा मुश्किल जरूर होता है, लेकिन अगर उपरोक्त तीन बातों का ध्यान रखा जाए, तो पशु स्वस्थ रहेंगे और दूध उत्पादन भी प्रभावित नहीं होगा। इन उपायों को अपनाने से पशुपालकों को अतिरिक्त खर्च भी नहीं करना पड़ेगा, बल्कि बीमारियों के इलाज का खर्च बच जाएगा। इसलिए, बारिश के मौसम में पशुओं की साफ-सफाई और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दें।

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